Iran US Israel War: मिडिल ईस्ट तनाव के बीच ईरान का संदेश! पड़ोसियों से खेद, दुश्मनों से जंग जारी
Iran US Israel War: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच Masoud Pezeshkian ने पड़ोसी देशों को लेकर एक महत्वपूर्ण बयान दिया है। उन्होंने कहा कि हाल के हमलों से जिन देशों को परेशानी हुई है, उनके लिए ईरान खेद व्यक्त करता है। हालांकि उन्होंने यह भी साफ कर दिया कि ईरान अपने मुख्य विरोधियों के सामने झुकने वाला नहीं है और संघर्ष जारी रहेगा।
सरकारी प्रसारण में दिए गए अपने संबोधन में ईरानी राष्ट्रपति ने कहा कि ईरान का उद्देश्य अपने पड़ोसी देशों के साथ दुश्मनी बढ़ाना नहीं है। उन्होंने बताया कि क्षेत्रीय हालात को देखते हुए उनकी सरकार ने ऐसी नीति अपनाई है, जिसके तहत आसपास के देशों को सीधे निशाना बनाने से बचने की कोशिश की जाएगी। उनका कहना था कि तेहरान क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखना चाहता है और अनावश्यक टकराव से बचना उसकी प्राथमिकता है।
पेजेशकियन ने यह भी स्पष्ट किया कि ईरान तब तक किसी पड़ोसी देश पर हमला नहीं करेगा, जब तक कि उसके खिलाफ हमला उसी देश की जमीन से शुरू न हो। उनके अनुसार, ईरान की नेतृत्व परिषद ने भी इस नीति को मंजूरी दी है ताकि खाड़ी क्षेत्र के देशों के साथ संबंधों को नुकसान न पहुंचे और संघर्ष का दायरा सीमित रखा जा सके।
हालांकि उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि ईरान अपने विरोधियों के सामने आत्मसमर्पण नहीं करेगा। उनके मुताबिक मौजूदा लड़ाई का केंद्र बिंदु Israel और United States हैं, और ईरान इन्हीं के खिलाफ अपने रुख पर कायम रहेगा।
दरअसल हाल के दिनों में क्षेत्र में तनाव काफी बढ़ गया है। इससे पहले अमेरिका और इजरायल ने संयुक्त सैन्य कार्रवाई करते हुए ईरान के कई सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया था। इसके जवाब में ईरान की ओर से भी ड्रोन और मिसाइल हमलों की खबरें सामने आई थीं, जिनका असर खाड़ी क्षेत्र के कुछ हिस्सों तक पहुंचा।
इसी पृष्ठभूमि में ईरानी राष्ट्रपति का यह बयान सामने आया है, जिसे क्षेत्र में तनाव कम करने की कोशिश के रूप में भी देखा जा रहा है। हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक बड़े देशों के बीच टकराव जारी रहेगा, तब तक मिडिल ईस्ट में हालात पूरी तरह शांत होना मुश्किल रहेगा।
Written By: Kalpana Pandey



