UGC के नए नियमों पर देशभर में बवाल: यूपी में सवर्ण सांसदों को चूड़ियां, सुप्रीम कोर्ट में याचिका, भारत बंद की घोषणा
UGC के नए नियमों के खिलाफ देशभर में प्रदर्शन तेज। यूपी में सवर्ण संगठनों का विरोध, सुप्रीम कोर्ट में याचिका, 1 फरवरी को भारत बंद का ऐलान।
नई दिल्ली। यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमीशन (UGC) के नए नियमों को लेकर देशभर में विरोध तेज हो गया है। खासकर उत्तर प्रदेश में जनरल कैटेगरी और सवर्ण संगठनों ने सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया है। लखनऊ, वाराणसी, प्रयागराज, मेरठ, रायबरेली और सीतापुर समेत कई जिलों में छात्रों और सामाजिक संगठनों ने UGC के खिलाफ नारेबाजी की।
नई दिल्ली में UGC मुख्यालय के बाहर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। बड़ी संख्या में बैरिकेडिंग की गई है ताकि प्रदर्शनकारी परिसर के अंदर न जा सकें।
यूपी में सवर्ण सांसदों को भेजी गई चूड़ियां
रायबरेली में भाजपा किसान नेता रमेश बहादुर सिंह और गौरक्षा दल के अध्यक्ष महेंद्र पांडेय ने सवर्ण सांसदों को चूड़ियां भेजकर विरोध दर्ज कराया। वहीं बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने नए नियमों के विरोध में अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।
सुप्रीम कोर्ट में याचिका
UGC के नए नियमों को चुनौती देते हुए एडवोकेट विनीत जिंदल ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। याचिका में कहा गया है कि ये नियम जनरल कैटेगरी के छात्रों के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करते हैं। साथ ही रेगुलेशन 3(सी) के कार्यान्वयन पर रोक लगाने की मांग की गई है।
क्या हैं UGC के नए नियम?
UGC ने 13 जनवरी 2026 को ‘प्रमोशन ऑफ इक्विटी इन हायर एजुकेशन इंस्टीट्यूशन रेगुलेशन्स, 2026’ को नोटिफाई किया। इसके तहत:
- कॉलेजों और यूनिवर्सिटी में जातिगत भेदभाव रोकने के लिए विशेष समितियां बनाई जाएंगी
- SC, ST और OBC छात्रों की शिकायतों के लिए हेल्पलाइन और मॉनिटरिंग टीमें गठित होंगी
- जाति आधारित भेदभाव की स्पष्ट परिभाषा तय की गई है
- झूठी शिकायत पर सजा का प्रावधान हटाया गया है
क्यों हो रहा है विरोध?
जनरल कैटेगरी और सवर्ण संगठनों का आरोप है कि नए नियमों से उन्हें ‘स्वाभाविक अपराधी’ की तरह पेश किया जा रहा है। उनका कहना है कि इससे कैंपस में असंतुलन और अराजकता बढ़ सकती है।
सरकार का पक्ष
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा है कि किसी भी तरह के गलत इस्तेमाल की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि किसी के साथ अत्याचार या भेदभाव नहीं होगा।
1 फरवरी को भारत बंद का ऐलान
अमेठी समेत कई जिलों में संगठनों ने 1 फरवरी को भारत बंद की घोषणा की है। संभल में केमिस्ट ड्रगिस्ट एसोसिएशन ने काली पट्टी बांधकर बाइक रैली निकाली और प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा।



