Flydubai Pilot Smit Machchhar: पायलट स्मित मच्छार को मिलेगा ‘विशिष्ट गुजरात गरिमा पुरस्कार’, CM भूपेंद्र पटेल ने किया ऐलान

फ्लाईदुबई की उड़ान में गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद यात्रियों की सुरक्षा में अहम भूमिका निभाने वाले कैप्टन स्मित को गुजरात सरकार करेगी सम्मानित

Flydubai Pilot Smit Machchhar: फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में जानलेवा स्थिति के बीच अदम्य साहस दिखाने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार को गुजरात सरकार सम्मानित करेगी। गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने कैप्टन स्मित को ‘विशिष्ट गुजरात गरिमा पुरस्कार’ देने की घोषणा की है। उन्होंने पायलट की बहादुरी को सलाम करते हुए उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना की।

कैप्टन स्मित मच्छार ने 30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की उड़ान FZ1073 में उस समय साहस और सूझबूझ का परिचय दिया, जब कॉकपिट में दोनों पायलटों के बीच गंभीर घटना हुई। रिपोर्टों के अनुसार, इस दौरान स्मित पर चाकू से हमला किया गया और वह गंभीर रूप से घायल हो गए। इसके बावजूद उन्होंने ऐसी कार्रवाई की, जिससे विमान में मौजूद अन्य लोगों को कॉकपिट तक पहुंचने और स्थिति को नियंत्रित करने में मदद मिली। विमान को बाद में सऊदी अरब के तबुक में आपातकालीन रूप से उतारा गया। विमान में सवार सभी 174 यात्री सुरक्षित रहे।

CM भूपेंद्र पटेल ने किया सम्मान का ऐलान

गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की सराहना करते हुए उन्हें राज्य सरकार की ओर से ‘विशिष्ट गुजरात गरिमा पुरस्कार’ देने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्मित के साहस ने गुजरात और देश का गौरव बढ़ाया है।

सीएम ने उनके शीघ्र और पूर्ण स्वस्थ होने की कामना भी की। इस घटना के बाद स्मित मच्छार को देश-विदेश से लगातार सम्मान और शुभकामनाएं मिल रही हैं।

गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद नहीं छोड़ा हौसला

फ्लाइट FZ1073 में करीब 34 हजार फीट की ऊंचाई पर घटना सामने आने की रिपोर्ट है। इस दौरान विमान की ऊंचाई में अचानक तेज गिरावट दर्ज की गई और आपातकालीन संकेत सक्रिय किए गए। रिपोर्टों के अनुसार विमान कुछ ही समय में हजारों फीट नीचे आ गया था।

हमले में घायल होने के बावजूद कैप्टन स्मित ने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफलता हासिल की। इसके बाद यात्रियों और चालक दल के अन्य सदस्यों को अंदर पहुंचने का मौका मिला और हमलावर को काबू किया गया। विमान को सऊदी अरब के तबुक की ओर डायवर्ट किया गया, जहां उसकी सुरक्षित लैंडिंग हुई।

घटना के बाद कैप्टन स्मित को तबुक के अस्पताल में भर्ती कराया गया। उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक उनकी हालत स्थिर बताई गई है और उनका इलाज जारी है।

PM मोदी भी कर चुके हैं तारीफ

कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी सार्वजनिक रूप से सराहना की है। पीएम मोदी ने उन्हें ‘हीरो’ बताते हुए कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद उन्होंने यात्रियों की सुरक्षा के लिए असाधारण साहस और दृढ़ता दिखाई।

प्रधानमंत्री ने यह भी बताया कि उन्होंने कैप्टन स्मित के परिवार से बात कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। पीएम मोदी ने कहा कि उनके साहस ने बड़ी त्रासदी को टालने में मदद की और भारत को उन पर गर्व है।

इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी कैप्टन स्मित की भूमिका की सराहना की है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से भी उनकी बहादुरी की प्रशंसा किए जाने की रिपोर्ट सामने आई है।

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कौन हैं कैप्टन स्मित मच्छार?

कैप्टन स्मित मच्छार भारतीय वाणिज्यिक विमानन क्षेत्र के अनुभवी पायलट हैं। उन्होंने फ्लाईदुबई से पहले करीब एक दशक से ज्यादा समय तक स्पाइसजेट में भी काम किया था। 2022 में वह फ्लाईदुबई से जुड़े। रिपोर्टों के अनुसार उनके पास करीब 9,750 घंटे का उड़ान अनुभव है और उन्होंने बोइंग 737 परिवार के विमानों पर लंबा अनुभव हासिल किया है।

रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, स्मित ने शुरुआत में अपने परिवार के टेक्सटाइल कारोबार से जुड़ने का विचार किया था, लेकिन 19 साल की उम्र में विमानन के प्रति रुचि विकसित होने के बाद उन्होंने पायलट बनने का रास्ता चुना। उन्होंने न्यूजीलैंड में प्रशिक्षण लिया और बाद में भारत में स्पाइसजेट के साथ काम किया।

फ्लाईदुबई की इस घटना की जांच जारी है। घटना के दौरान वास्तव में क्या हुआ और हमले के पीछे क्या कारण था, इसकी पूरी तस्वीर जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी। फिलहाल कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी और विमान में सवार सभी यात्रियों के सुरक्षित बचने को लेकर देशभर में चर्चा है। गुजरात सरकार की ओर से घोषित ‘विशिष्ट गुजरात गरिमा पुरस्कार’ इसी साहस को सम्मान देने की दिशा में एक कदम है।

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