‘नारी शक्ति माफ नहीं करेगी’, पीएम मोदी का TMC पर हमला – राष्ट्रपति के अपमान को लेकर ममता सरकार पर आरोप
महिला दिवस के मौके पर पीएम नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल की ममता बनर्जी सरकार पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के अपमान का आरोप लगाया। TMC और बीजेपी के बीच बयानबाजी तेज।
New Delhi. पश्चिम बंगाल की राजनीति में राष्ट्रपति Droupadi Murmu के दौरे को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है। प्रधानमंत्री Narendra Modi ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर राज्य की सत्ताधारी All India Trinamool Congress (TMC) सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि राष्ट्रपति के साथ हुआ व्यवहार देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद की गरिमा के खिलाफ है।
पीएम मोदी ने कहा कि राष्ट्रपति मुर्मू की कथित बेइज्जती को देश और “नारी शक्ति” कभी माफ नहीं करेगी। उन्होंने इसे देश की महिलाओं और संविधान दोनों का अपमान बताया।
राष्ट्रपति मुर्मू ने जताई नाराज़गी
दरअसल, राष्ट्रपति Droupadi Murmu शनिवार को पश्चिम बंगाल के दौरे पर थीं, जहां उन्होंने ट्राइबल समुदाय से जुड़े कार्यक्रम ‘इंटरनेशनल संथाली कॉन्क्लेव’ में हिस्सा लिया। पहले यह कार्यक्रम बिधाननगर में प्रस्तावित था, लेकिन बाद में इसे भीड़ और सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए सिलीगुड़ी के पास बागडोगरा एयरपोर्ट के नजदीक गोपालपुर में आयोजित किया गया।
कार्यक्रम स्थल बदलने और आम लोगों की कम मौजूदगी पर राष्ट्रपति ने नाराज़गी जताई। उन्होंने कहा कि उन्हें दुख है कि दूर होने के कारण कई लोग कार्यक्रम में शामिल नहीं हो पाए।
संथाल समुदाय से आने वाली राष्ट्रपति मुर्मू ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि उन्हें लगा कि शायद प्रशासन को उम्मीद थी कि लोग कार्यक्रम में नहीं पहुंच पाएंगे।
मुख्यमंत्री की गैरमौजूदगी पर भी उठे सवाल
राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि आमतौर पर जब राष्ट्रपति किसी राज्य के दौरे पर आते हैं तो मुख्यमंत्री और अन्य मंत्री कार्यक्रम में मौजूद रहते हैं। लेकिन इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री Mamata Banerjee की गैरमौजूदगी पर उन्होंने हैरानी जताई।
मुर्मू ने कहा कि वह भी “बंगाल की बेटी” हैं और ममता बनर्जी को अपनी छोटी बहन की तरह मानती हैं। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि शायद ममता उनसे नाराज़ हैं, इसलिए कार्यक्रम इतनी दूर आयोजित किया गया।
ममता बनर्जी का पलटवार
मुख्यमंत्री Mamata Banerjee ने इस विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए आरोप लगाया कि राष्ट्रपति के बयान को राजनीतिक रंग दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह मुद्दा आगामी विधानसभा चुनावों से पहले बीजेपी के आक्रामक प्रचार का हिस्सा है।
ममता बनर्जी ने सोशल मीडिया पर कुछ दस्तावेज भी साझा किए और दावा किया कि कार्यक्रम स्थल बदलने का फैसला सुरक्षा और लॉजिस्टिक कारणों से लिया गया था। उन्होंने कहा कि इसकी जानकारी पहले ही राष्ट्रपति कार्यालय को दे दी गई थी।
चुनाव से पहले बढ़ी सियासी गर्मी
राष्ट्रपति के दौरे को लेकर उठे इस विवाद के बाद पश्चिम बंगाल की राजनीति में बयानबाजी तेज हो गई है। बीजेपी नेताओं और केंद्रीय मंत्रियों ने TMC सरकार पर राष्ट्रपति का अपमान करने का आरोप लगाया है, जबकि TMC इसे राजनीतिक मुद्दा बनाकर चुनावी फायदा उठाने की कोशिश बता रही है।
राज्य में आगामी विधानसभा चुनावों से पहले यह विवाद राजनीतिक माहौल को और गर्म कर सकता है।



