ईरान में प्रदर्शनकारियों से ट्रम्प की अपील : ‘विरोध जारी रखें, संस्थानों पर कब्ज़ा करें’, बोले– मदद रास्ते में है
ईरान में जारी विरोध प्रदर्शनों पर डोनाल्ड ट्रम्प का बड़ा बयान। प्रदर्शनकारियों से बोले– विरोध जारी रखें, संस्थानों पर कब्ज़ा करें, मदद रास्ते में है।
वॉशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान में जारी सरकार-विरोधी प्रदर्शनों के बीच प्रदर्शनकारियों को खुला समर्थन देते हुए उनसे आंदोलन तेज करने की अपील की है। ट्रम्प ने कहा कि ईरानी नागरिक विरोध प्रदर्शन जारी रखें और “संस्थानों पर कब्ज़ा करें।” उन्होंने यह भी दावा किया कि प्रदर्शनकारियों के लिए “मदद रास्ते में है।”
हालांकि ट्रम्प ने यह स्पष्ट नहीं किया कि अमेरिका ईरान में सीधे तौर पर हस्तक्षेप करेगा या नहीं, लेकिन उन्होंने यह जरूर कहा कि ईरानी अधिकारियों के साथ प्रस्तावित सभी बैठकों को रद्द कर दिया गया है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब ईरान बीते कई वर्षों के सबसे गंभीर आंतरिक संकटों में से एक का सामना कर रहा है।
ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए कहा, “ईरानी देशभक्तों, विरोध प्रदर्शन जारी रखें—अपने संस्थानों पर कब्ज़ा करें। हत्यारों और अत्याचार करने वालों के नाम सुरक्षित रखें, उन्हें इसकी भारी कीमत चुकानी पड़ेगी। मैंने प्रदर्शनकारियों की मूर्खतापूर्ण हत्याएं बंद होने तक ईरानी अधिकारियों के साथ सभी बैठकें रद्द कर दी हैं। मदद रास्ते में है।”
ईरान में बीते करीब दो हफ्तों से जारी देशव्यापी अशांति में अब तक सुरक्षा बलों समेत लगभग 2,000 लोगों के मारे जाने की खबर है। यह विरोध प्रदर्शन शुरुआत में मुद्रा के तेज़ अवमूल्यन और बढ़ती महंगाई के खिलाफ शुरू हुए थे, जो बाद में शासन विरोधी आंदोलन में बदल गए।
अमेरिकी राष्ट्रपति का यह बयान ऐसे समय आया है, जब एक दिन पहले ही उन्होंने ईरान के साथ व्यापार करने वाले किसी भी देश के उत्पादों पर 25 प्रतिशत आयात शुल्क लगाने की घोषणा की थी। ट्रम्प प्रशासन का यह कदम ईरान पर दबाव बढ़ाने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है।
ट्रम्प ने हाल के दिनों में यह भी संकेत दिए हैं कि ईरान के खिलाफ कड़े विकल्पों पर विचार किया जा रहा है। इनमें सैन्य कार्रवाई की संभावना से भी उन्होंने इनकार नहीं किया है। इस महीने की शुरुआत में ट्रम्प ने कहा था, “हम तैयार हैं,” जिससे पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ट्रम्प के इन बयानों से ईरान-अमेरिका संबंधों में और तल्खी आ सकती है, वहीं ईरान के अंदर चल रहे विरोध प्रदर्शनों को अंतरराष्ट्रीय समर्थन मिलने का संदेश भी गया है।



