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डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने अखिलेश पर साधा निशाना, बोले- सामाजवादी पार्टी एक डूबता हुआ जहाज

मैनपुरी: लोकसभा उपचुनाव के लिए भाजपा प्रत्याशी रघुराज सिंह शाक्य के प्रचार के लिए किसान सम्मेलन में भाग लेने पहुंचे डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने समाजवादी पार्टी पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने लोगों से अपील की कि 5 दिसंबर को कमल का फूल खिलाने का काम करना है. उन्होंने कहा कि वे किसान सम्मेलन में आए हैं. इस सम्मेलन पर जितनी पैनी नजर पत्रकारों की है, उतनी ही सपाइयों की भी है.
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि सपाई देख रहे होंगे कि सम्मेलन ने कौन आया है और कौन नहीं. उन्होंने कहा कि सामाजवादी पार्टी एक डूबता हुआ जहाज है. डूबते हुए जहाज से लोग उतरकर भाग रहे हैं. ऐसा केवल मैनपुरी लोकसभा क्षेत्र में ही नहीं बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश में हो रहा है. लोग जानते हैं कि सामाजवादी पार्टी का सूर्य अस्त होने वाला है.
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि भाजपा ने उत्तर प्रदेश में सबसे ज्यादा काम किया है. पहले कार्यकाल में किसानों का कर्ज माफ करने का काम किया. वहीं, नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सरकार बनने के बाद भारत किसान सम्मान निधि बिना किसी भ्रष्टाचार के सीधे किसानों के खाते में जा रही है. उन्होंने कहा कि मैनपुरी में किसानों के साथ गुंडागर्दी होती थी. रास्ते में सपा नेताओं के संरक्षण में गुंडे उनका सामान लूट लेते थे. किसानों के दर्द को दूर करने का काम भारतीय जनता पार्टी ने किया.
मीडिया से बात करते हुए उन्होंने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि यह उनको समझना चाहिए कि सबका समय एक जैसा नहीं रहता. उन्होंने कहा कि अखिलेश जी के परिवार के लिए एक जैसा समय नहीं आने वाला है. पहले जो एकछत्र राज्य करते थे और हर तरफ जो उनका भय का वातावरण रहता था, अब लोग भयमुक्त होकर अपने मताधिकार का प्रयोग करते हैं.
साड़ी और पैसे बांटने के आरोप पर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि जो जैसा होता है, उसको वैसा ही दिखता है. उन्होंने कहा कि प्रोफेसर राम गोपाल जी पड़े लिखे व्यक्ति हैं. उनको यह मालूम है कि भारतीय जनता पार्टी कभी भी चुनाव प्रभावित करने लिए ऐसा कोई काम नहीं करेगी. उन्होंने कहा कि भाजपा प्रत्याशी रघुराज सिंह शाक्य एक गरीब परिवार से आते हैं. उनके पास इतना पैसा नहीं है कि वो पैसा बांटने या साड़ी बांटने का रास्ता खोज रहे होंगे.

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