Sonbhadra News : हिण्डाल्को रेणुकूट में त्रैवार्षिक वेतन समझौता सम्पन्न, श्रमिकों को मिले नए लाभ
Sonbhadra News : हिण्डाल्को रेणुकूट में त्रैवार्षिक वेतन समझौता सम्पन्न, श्रमिकों को वेतन वृद्धि, मेडिकल सुविधा, पितृत्व अवकाश, टर्म इंश्योरेंस और कैपेबिलिटी बिल्डिंग अलाउन्स जैसी नई सुविधाएं।
Sonbhadra News : हिण्डाल्को रेणुकूट में त्रैवार्षिक वेतन समझौता मंगलवार, 27 जनवरी 2026 को सौहार्दपूर्ण वातावरण में सफलतापूर्वक सम्पन्न हो गया। हिण्डाल्को की मान्यता प्राप्त श्रम संगठनों हिण्डाल्को श्रमिक संघ, एल्यूमिनियम कर्मचारी यूनियन एवं मजदूर एकता हिण्डाल्को और प्रबंधन के बीच कई दौर की वार्ता के बाद यह ऐतिहासिक समझौता हिण्डाल्को प्रशासनिक भवन के कॉन्फ्रेंस हॉल में संपन्न हुआ।
श्रम संगठनों द्वारा प्रस्तुत मांग पत्र पर गंभीर विचार-विमर्श के उपरांत प्रबंधन ने श्रमिकों के वेतन पुनरीक्षण एवं अन्य सुविधाओं में महत्वपूर्ण सुधारों पर सहमति जताई।
इस समझौते पर प्रबंधन की ओर से मानव संसाधन प्रमुख जसबीर सिंह, उपाध्यक्ष मानव संसाधन एवं एचआरबीपी हेड अजय कुमार सिन्हा, उपाध्यक्ष फैब्रिकेशन हिमांशु श्रीवास्तव, उपाध्यक्ष स्मेल्टर हंसराज सिंह, वित्त एवं लेखा प्रमुख बिजॉय सिंह, लीगल हेड विजय कान्त दुबे सहित अन्य अधिकारियों ने हस्ताक्षर किए। वहीं श्रम संगठनों की ओर से देवेन्द्र कुमार शुक्ला, सुल्तान सिंह, नीलेश सिंह, अमरेश बहादुर सिंह, जितेन्द्र कुमार और ज्ञानधर पांडेय सहित कई पदाधिकारी शामिल रहे।
हिण्डाल्को रेणुकूट के क्लस्टर हेड समीर नायक ने इस सफल समझौते के लिए श्रमिक संगठनों और प्रबंधन को बधाई दी। एचआर हेड जसबीर सिंह ने कहा कि इस समझौते में श्रमिकों के हितों को प्राथमिकता देते हुए बेहतर वेतन वृद्धि सुनिश्चित की गई है।
उन्होंने बताया कि इस समझौते के तहत श्रमिकों के माता-पिता की मेडिकल सुविधाओं में बढ़ोतरी, पितृत्व अवकाश, टर्म इंश्योरेंस और कैपेबिलिटी बिल्डिंग अलाउन्स (Capability Building Allowance) जैसी नई सुविधाएं भी शामिल की गई हैं।
उपाध्यक्ष अजय कुमार सिन्हा ने समझौते के प्रमुख बिंदुओं की जानकारी साझा करते हुए कहा कि यह समझौता श्रमिकों के कौशल विकास और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखकर किया गया है।
श्रम संगठनों के पदाधिकारियों ने इस समझौते को श्रमिकों के लिए उत्सव जैसा बताते हुए कहा कि यह पिछले समझौतों की तुलना में अधिक लाभकारी है और इससे श्रमिकों में संतोष और उत्साह का माहौल है।



