adevertisment Adevertiisment banner

UP News-उत्तर प्रदेश में दिखने लगा चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ का असर, 31 अक्टूबर तक रहेगा बारिश और आंधी का दौर

UP News - The impact of cyclonic storm 'Arnab' has begun to be felt in Uttar Pradesh; a spell of rain and thunderstorms is expected to continue until October 31.

UP News- उत्तर प्रदेश में चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के असर से गुरुवार को कई जिलों में मौसम बदल गया है। मौसम विभाग ने प्रदेश के सभी 75 जिलों में बारिश और आंधी का अलर्ट जारी किया है। साइक्लोन ‘अर्नब’ के प्रभाव से व्यापक वर्षा, गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की संभावना है।

चक्रवाती तूफान अर्नब के असर से गुरुवार को लखनऊ से लेकर गोरखपुर और पश्चिम में मेरठ तक मौसम ने करवट लिया। कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश हुई। इससे तापमान गिरा और ठंड का अहसास बढ़ गया। भारतीय मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के अनुसार उत्तर प्रदेश के तराई के लगभग छह जिलों में अति भारी बारिश हो सकती है जबकि पूर्वी यूपी के 13 जिलों में भारी बारिश की संभावना है। पश्चिमी यूपी के नौ जिलों में ओले गिरने के आसार हैं। इसी प्रकार प्रदेश के 50 जिलों में गरज-चमक के साथ 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।

सुबह से छाए बादल, कई जिलों में बारिश

बृहस्पतिवार सुबह प्रदेश के पूर्वी जिलों जैसे वाराणसी, अयोध्या और गोरखपुर समेत कई जिलों में कहीं कम तो कहीं अधिक बारिश हुई है। सोनभद्र, मीरजापुर और विंध्य क्षेत्र के अन्य जिलों में भी बूंदाबांदी हुई। मेरठ में सुबह धुंध और ठंड के साथ सूर्योदय हुआ। प्रदेश की राजधानी लखनऊ समेत प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की बारिश हुई है। प्रदेश बारिश, नमी और तेज हवाओं से तापमान में गिरावट आई है; और मौसम में गुलाबी ठंडक घुल गयी है।

माैसम विभाग के अनुसार चक्रवात के उत्तर की ओर बढ़ने और नमी लाने की वजह से मीरजापुर, वाराणसी, सोनभद्र, गाजीपुर, चंदौली व आसपास के आदि जिलाें में अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और कहीं-कहीं भारी वर्षा (Heavy Rainfall) की चेतावनी है। बारिश, बादल और नम पूर्वी हवाओं के प्रभाव से दिन के अधिकतम तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट आएगी, जिससे गुलाबी ठंड का असर तेजी से बढ़ेगा।

Read Also-Karwa Chauth 2026: चांद को अर्घ्य देने के बाद कैसे खोलें व्रत? जानें पारण के नियम और धार्मिक महत्व

Related Articles

Back to top button