Ajinkya Rahane: अजिंक्य रहाणे ने इंटरनेशनल क्रिकेट को कहा अलविदा, भावुक पोस्ट में बोले- अब नए सफर का समय
Ajinkya Rahane: भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी है।
रहाणे ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो साझा कर इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि अब आगे बढ़ने और जीवन के नए अध्याय की शुरुआत करने का समय आ गया है।
सोशल मीडिया पर किया ऐलान
रहाणे ने वीडियो संदेश में अपने करियर को याद किया। उन्होंने फैंस, साथियों और परिवार का आभार भी जताया।
उन्होंने कहा कि भारतीय टीम के लिए खेलना उनके जीवन का सबसे बड़ा सम्मान रहा है।
हालांकि, अब वह नए सफर की शुरुआत करना चाहते हैं।
भारत के लिए शानदार करियर
अजिंक्य रहाणे ने भारत के लिए तीनों फॉर्मेट में क्रिकेट खेला।
उन्होंने 85 टेस्ट मैच खेले। इसके अलावा 90 वनडे और 20 टी-20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में भी भारत का प्रतिनिधित्व किया।
अपने शांत स्वभाव और तकनीकी बल्लेबाजी के लिए रहाणे खास पहचान रखते थे।
ऑस्ट्रेलिया दौरा बना करियर का सबसे बड़ा पल
रहाणे के करियर की सबसे बड़ी उपलब्धियों में 2020-21 का ऑस्ट्रेलिया दौरा शामिल है।
उस समय नियमित कप्तान विराट कोहली पहले टेस्ट के बाद स्वदेश लौट गए थे। इसके बाद रहाणे ने टीम की कमान संभाली।
एडिलेड टेस्ट में मिली हार के बाद भारत मुश्किल में था। हालांकि, रहाणे ने टीम को शानदार तरीके से संभाला।
मेलबर्न में खेली यादगार पारी
मेलबर्न टेस्ट में रहाणे ने कप्तानी पारी खेली थी।
उन्होंने शानदार शतक जड़ा और भारत को मैच जिताने में अहम भूमिका निभाई।
यह पारी भारतीय क्रिकेट इतिहास की सबसे यादगार कप्तानी पारियों में गिनी जाती है।
भारत ने जीती ऐतिहासिक सीरीज
रहाणे की कप्तानी में भारत ने ऑस्ट्रेलिया को उसी की धरती पर 2-1 से हराया था।
उस सीरीज में भारत कई प्रमुख खिलाड़ियों की चोट से जूझ रहा था। इसके बावजूद टीम ने शानदार वापसी की।
नतीजतन, वह जीत भारतीय क्रिकेट की सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हो गई।
फैंस ने दी भावुक विदाई
संन्यास की घोषणा के बाद सोशल मीडिया पर फैंस भावुक नजर आए।
कई पूर्व क्रिकेटरों और प्रशंसकों ने रहाणे के योगदान को याद किया।
वहीं, मेलबर्न शतक और ऑस्ट्रेलिया सीरीज जीत की चर्चा फिर से शुरू हो गई है।
भारतीय क्रिकेट में हमेशा याद रहेंगे रहाणे
अजिंक्य रहाणे भले ही अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में नजर नहीं आएंगे, लेकिन उनका योगदान हमेशा याद रखा जाएगा।
उन्होंने कई मुश्किल परिस्थितियों में टीम इंडिया के लिए अहम पारियां खेलीं।
इसके अलावा उनकी शांत कप्तानी और नेतृत्व क्षमता भी लंबे समय तक क्रिकेट प्रेमियों के बीच चर्चा का विषय रहेगी।



