Delhi High Court: सोनम वांगचुक को निजी अस्पताल ले जाने की मांग खारिज, दिल्ली हाईकोर्ट ने सरकार के फैसले को माना सही
Delhi High Court: दिल्ली हाईकोर्ट ने सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक से जुड़े मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने उन्हें निजी अस्पताल में शिफ्ट करने की मांग खारिज कर दी।
वांगचुक की पत्नी गीतांजलि जे. आंग्मो ने कोर्ट में याचिका दायर की थी। उन्होंने मांग की थी कि सोनम वांगचुक को किसी निजी अस्पताल में भर्ती होने की अनुमति दी जाए।
मामले पर दिल्ली हाईकोर्ट में करीब सवा घंटे सुनवाई हुई। सुनवाई के बाद अदालत ने कोई अंतरिम राहत देने से इनकार कर दिया। कोर्ट ने फिलहाल सफदरजंग अस्पताल में इलाज जारी रखने को सही माना।
सुनवाई के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने याचिकाकर्ता का पक्ष रखा। उन्होंने दलील दी कि किसी व्यक्ति को अपने इलाज और अस्पताल के चयन का अधिकार होना चाहिए।
वहीं सरकार की ओर से कहा गया कि सफदरजंग अस्पताल में सभी जरूरी चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध हैं। अधिकारियों ने अदालत को बताया कि वांगचुक के इलाज में किसी प्रकार की कमी नहीं है।
सरकार ने यह भी कहा कि वांगचुक के परिवार को अस्पताल में पूरा एक्सेस दिया गया है। उनकी पत्नी और परिजन उनसे मिल सकते हैं।
सोनम वांगचुक हाल ही में लंबे अनशन के बाद अस्पताल में भर्ती कराए गए थे। उनकी सेहत को लेकर अदालत पहले भी सरकार को नियमित मेडिकल निगरानी सुनिश्चित करने का निर्देश दे चुकी है।
फिलहाल हाईकोर्ट के फैसले के बाद सोनम वांगचुक सफदरजंग अस्पताल में ही चिकित्सकीय निगरानी में रहेंगे। मामले की अगली सुनवाई पर सभी की नजर बनी हुई है।



