Rajya Sabha Election : मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द होने पर भड़की कांग्रेस, पहुंची चुनाव आयोग

Rajya Sabha Election : मध्य प्रदेश राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द होने पर राजनीतिक विवाद गहरा गया। कांग्रेस नेताओं ने चुनाव आयोग पहुंचकर बीजेपी पर लोकतांत्रिक प्रक्रिया को प्रभावित करने का आरोप लगाया।

Rajya Sabha Election : मध्य प्रदेश की राज्यसभा सीट के चुनाव को लेकर नया राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन पत्र खारिज होने के बाद पार्टी ने इसे लोकतंत्र पर हमला बताते हुए चुनाव आयोग से हस्तक्षेप की मांग की है। मंगलवार को कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने निर्वाचन आयोग पहुंचकर फैसले के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया।

कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश, के.सी. वेणुगोपाल, भूपेश बघेल और सचिन पायलट ने भाजपा पर राजनीतिक साजिश रचने का आरोप लगाया। पार्टी का कहना है कि नामांकन रद्द करने का फैसला लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है और इससे निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया पर सवाल खड़े होते हैं।

के.सी. वेणुगोपाल ने कहा कि भाजपा लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि अब भाजपा केवल वोटों की नहीं, बल्कि सीटों की भी चोरी करने की राजनीति कर रही है।

चुनाव आयोग पहुंचा कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल

नामांकन रद्द होने के विरोध में कांग्रेस नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल चुनाव आयोग कार्यालय पहुंचा। इस दौरान जयराम रमेश को आयोग परिसर में प्रवेश से रोके जाने की तस्वीरें भी सामने आईं, जिन पर कांग्रेस ने आपत्ति जताई।

सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस की ओर से आयोग को भेजा गया पत्र शाम 7:34 बजे प्राप्त हुआ था, जिसमें रात 9 बजे मुलाकात का समय मांगा गया था। आयोग ने दो प्रतिनिधियों को अंदर आने की अनुमति दी, जिसके बाद के.सी. वेणुगोपाल और भूपेश बघेल ने अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा।

बताया जा रहा है कि उस समय आयोग के अधिकांश वरिष्ठ अधिकारी कार्यालय से जा चुके थे। ऐसे में कांग्रेस नेताओं को अगले दिन मुलाकात का समय दिए जाने की संभावना जताई गई है।

आखिर क्यों रद्द हुआ मीनाक्षी नटराजन का नामांकन?

विवाद की शुरुआत राज्यसभा चुनाव के रिटर्निंग ऑफिसर के उस फैसले से हुई, जिसमें मीनाक्षी नटराजन का नामांकन पत्र निरस्त कर दिया गया। भाजपा उम्मीदवार महेश केवट की ओर से दायर आपत्ति में आरोप लगाया गया था कि नटराजन ने अपने चुनावी हलफनामे में तेलंगाना की एक अदालत में लंबित मामले की जानकारी नहीं दी।

इसी आपत्ति के आधार पर रिटर्निंग ऑफिसर ने उनका नामांकन खारिज कर दिया। हालांकि कांग्रेस ने इन आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है। पार्टी का कहना है कि मीनाक्षी नटराजन के खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है और उन्हें केवल अदालत की ओर से नोटिस प्राप्त हुआ था।

भाजपा उम्मीदवार के निर्विरोध चुने जाने का रास्ता साफ

मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द होने के बाद मध्य प्रदेश की तीसरी राज्यसभा सीट पर भाजपा उम्मीदवार महेश केवट के निर्विरोध निर्वाचित होने की संभावना काफी बढ़ गई है। यही कारण है कि कांग्रेस इस पूरे मामले को राजनीतिक रूप से प्रेरित कार्रवाई बता रही है और चुनाव आयोग से निष्पक्ष जांच की मांग कर रही है।

Related Articles

Back to top button