Lucknow News : साईं विहार कॉलोनी में रास्ते को लेकर विवाद, ‘अब गोली चलेगी’ की धमकी का आरोप
Lucknow News : लखनऊ के जानकीपुरम विस्तार की साईं विहार कॉलोनी में जमीन और रास्ते को लेकर विवाद गहराया। समिति ने कब्जे, धमकी और जेसीबी के साथ टीम पहुंचने के आरोप लगाए।
Lucknow News : जानकीपुरम विस्तार के नगर निगम जोन-3 स्थित साईं विहार कॉलोनी में जमीन और रास्ते को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। कॉलोनी की साईं विहार जन कल्याण सेवा समिति ने पुलिस और प्रशासन को शिकायत देकर प्रॉपर्टी डीलर आशीष कुमार सिंह उर्फ ए.के. सिंह, सदाशिव मिश्रा और अन्य लोगों पर कथित रूप से कॉलोनी में कब्जे का प्रयास करने, रास्ता बनाने के लिए दबाव डालने और धमकी देने के आरोप लगाए हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
42 से अधिक परिवारों के रहने का दावा
समिति के मुताबिक, साईं विहार कॉलोनी में 42 से अधिक परिवार करीब 15 वर्षों से रह रहे हैं। समिति का कहना है कि अधिकांश परिवारों ने गाटा संख्या 361 में भूखंड खरीदकर यहां आवास बनाए हैं। आरोप है कि कुछ लोग कॉलोनी की दीवार हटाकर वहां से रास्ता बनाने का दबाव बना रहे हैं।
समिति ने दावा किया है कि जिस जमीन को रास्ते के लिए इस्तेमाल करने की बात कही जा रही है, वह ग्राम समाज की जमीन है। साथ ही, इस जमीन की कथित रजिस्ट्री की वैधता पर भी सवाल उठाए गए हैं। समिति के अनुसार, जमीन और रास्ते से जुड़े विवाद को लेकर सिविल कोर्ट में वाद भी दायर किया गया है।
जेसीबी के साथ टीम पहुंचने पर उठे सवाल
शिकायत में 22 जुलाई की घटना का भी उल्लेख किया गया है। समिति का आरोप है कि संबंधित प्रॉपर्टी डीलर के साथ राजस्व विभाग के अधिकारी, पुलिसकर्मी और जेसीबी लेकर एक टीम कॉलोनी पहुंची थी।
कॉलोनीवासियों ने कथित तौर पर टीम से कार्रवाई का आधार और न्यायालय का आदेश दिखाने की मांग की। समिति का दावा है कि मौके पर कोई न्यायालयी आदेश प्रस्तुत नहीं किया गया। इस घटना को लेकर कॉलोनीवासियों ने प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं।
‘अब गोली चलेगी’ कहकर धमकाने का आरोप
समिति ने 8 अगस्त की घटना को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। शिकायत के अनुसार, कॉलोनी की निजी बिजली लाइन से कथित तौर पर तार जोड़ने का प्रयास किया गया। विरोध करने पर एक महिला को कथित रूप से ‘अब गोली चलेगी’ कहकर धमकाया गया।
समिति का कहना है कि इस घटना से कॉलोनी में रहने वाले परिवारों में भय का माहौल है। हालांकि, धमकी दिए जाने के आरोप की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
मई-जून में पुलिस बल के साथ पहुंचने का दावा
समिति ने आरोप लगाया है कि मई और जून के दौरान भी कई बार पुलिस बल के साथ कॉलोनी में पहुंचकर रास्ते को लेकर दबाव बनाया गया। शिकायत में यह भी दावा किया गया है कि कुछ निवासियों को मुकदमे में फंसाने का दबाव दिए जाने की बात सामने आई।
कॉलोनी समिति के मुताबिक, विवाद से जुड़ी विभिन्न घटनाओं के सीसीटीवी फुटेज उसके पास मौजूद हैं और इन्हें शिकायत के साथ पुलिस-प्रशासन को उपलब्ध कराया गया है।
जमीन की राजस्व स्थिति और रास्ते के अधिकार पर विवाद
साईं विहार कॉलोनी के इस विवाद में अब मुख्य सवाल जमीन की वास्तविक राजस्व स्थिति, कथित रजिस्ट्री की वैधता और रास्ते के अधिकार को लेकर उठ रहे हैं। कॉलोनी समिति ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और वहां रहने वाले परिवारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
मामले में पुलिस और राजस्व विभाग की ओर से आधिकारिक जांच या कार्रवाई के संबंध में विस्तृत पक्ष सामने आने के बाद ही विवाद की वास्तविक स्थिति और आरोपों की पुष्टि हो सकेगी।



