UP Mau News: ट्रेन उद्घाटन से पहले थमी नहीं सियासी रार, सपा नेताओं को पुलिस का नोटिस
उद्घाटन समारोह से दूर रहने की हिदायत, सपा ने लगाया लोकतंत्र दबाने का आरोप
UP Mau News: जनपद में नई ट्रेन सेवा के उद्घाटन से ठीक पहले सियासी पारा चढ़ गया है। उद्घाटन समारोह को लेकर समाजवादी पार्टी (सपा) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बीच चल रही खींचतान इतनी बढ़ गई कि स्थानीय प्रशासन को हस्तक्षेप करना पड़ा। कानून-व्यवस्था बिगड़ने की आशंका के मद्देनजर पुलिस ने सपा के कई वरिष्ठ नेताओं को धारा 149 के तहत नोटिस जारी किया है, जिसमें उन्हें उद्घाटन समारोह में शामिल न होने की हिदायत दी गई है।
क्रेडिट की राजनीति पर आमने-सामने सपा और भाजपा
दरअसल, मऊ से शुरू होने वाली नई ट्रेन सेवा को लेकर पिछले कई दिनों से श्रेय लेने की राजनीति जारी है। भाजपा इसे केंद्र सरकार और अपने जनप्रतिनिधियों के प्रयासों की उपलब्धि बता रही है, जबकि समाजवादी पार्टी का दावा है कि इस ट्रेन की मांग और रूपरेखा उनके संघर्ष और प्रयासों का परिणाम है।
उद्घाटन समारोह से पहले दोनों दलों के कार्यकर्ताओं में उत्साह के साथ-साथ तनाव का माहौल भी देखा गया। सपा नेताओं ने समारोह के दौरान विरोध दर्ज कराने और अपनी बात प्रमुखता से रखने की रणनीति बनाई थी।
पुलिस का नोटिस, सपा ने उठाए सवाल
संभावित टकराव और कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए मऊ पुलिस प्रशासन ने सक्रियता दिखाते हुए सपा के कई नेताओं के घरों पर नोटिस तामील कराया। नोटिस में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि वे उद्घाटन स्थल या उसके आसपास भीड़ एकत्र न करें और समारोह से दूरी बनाए रखें, अन्यथा उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
इस कार्रवाई पर समाजवादी पार्टी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। पार्टी नेताओं का आरोप है कि विपक्ष की आवाज दबाने के लिए पुलिस और प्रशासन का दुरुपयोग किया जा रहा है। उनका कहना है कि एक सरकारी कार्यक्रम को भाजपा का राजनीतिक कार्यक्रम बनाया जा रहा है।
प्रशासन का पक्ष
वहीं प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि यह कदम केवल सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से उठाया गया है। रेलवे स्टेशन और कार्यक्रम स्थल पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि उद्घाटन समारोह शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।
फिलहाल, पुलिस की इस कार्रवाई के बाद मऊ की सियासत और गरमा गई है। सोशल मीडिया पर भी दोनों दलों के समर्थकों के बीच तीखी बहस देखने को मिल रही है।



